YEH HAI MERE DIL KI AWAAJ
*वो दिन कभी मत दिखाना* *मेरे मालिक,* *कि मुझे,* *अपने आप पर* *गुरुर हो जाये,* *रखना मुझे इस तरह* *सब के दिलों में,* *कि* *हर कोई* *दुआ देने को मजबूर हो जाये।।*
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